नई दिल्ली. अक्षय कुमार के बारे में कहा जाता है कि वो हर साल सबसे ज्यादा फिल्में करने वाले सुपरस्टार हैं. अक्षय कुमार हर साल कई फिल्में करते हैं, लेकिन बीते कई सालों से उनकी फिल्में लगातार फ्लॉप होती जा रही
हैं. बॉलीवुड के खिलाड़ी कुमार फिल्मों में एक्शन, रोमांस और देशभक्ति तक सबकुछ कर चुके हैं. उन्होंने हर शैली की फिल्मों में हाथ आजमाया है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि सुपरस्टार को उनकी फिल्मों के डायलॉग्स याद नहीं रहते हैं. वो शूटिंग के दौरान डायलॉग्स देखकर पढ़ते हैं.
‘तीस मार खान’ और ‘टॉयलेट एक प्रेम कथा’ में अक्षय कुमार के साथ काम कर चुके दिग्गज एक्टर सुधीर पांडे ने लेटेस्ट इंटरव्यू में सुपरस्टार की पोल खोली. सिद्धार्थ कनन के साथ बात करते हुए सुधीर पांडे कहते हैं कि अक्षय कुमार को फिल्मों के डायलॉग्स याद नहीं रहते थे जिसकी वजह से वो पेपर से पढ़कर बोलते थे. फिल्म के डायरेक्टर्स भी उन्हें छोटी-छोटी लाइनें देते थे ताकि वो याद रख सकें.
फिल्म के डायलॉग्स देखकर पढ़ते हैं अक्षय कुमार
सुधीर पांडे ने बताया कि जब खिलाड़ी कुमार अपनी फिल्मों के डायलॉग्स भूल जाते थे तो सेट पर कोई पेपर लेकर खड़ा रहता था जिसे देखकर वो अपने संवाद बोलते थे. दिग्गज एक्टर का कहना है कि अब टेलीप्रॉम्पटर आ गया है तो हो सकता है कि वो अब पेपर की जगह टीपी से संवाद देखते हों.
Akshay Kumar’s co actor from Toilet Ek Prem Katha who played his father, Sudhir Pandey, cooked Akshay in his latest interview 😭😭:
Interviewer: “At that time also, Akshay used to read his lines from pages that people used to hold up” ??
Sudhir Pandey: “Yes, there were a few… pic.twitter.com/7rwICmVZsD
— Raj (@idfcwau) July 21, 2026
सुधीर पांडे ने खोली पोल
सुधीर बताते हैं कि ‘तीस मार खान’ में अक्षय कुमार के डायलॉग्स छोटे रखे गए थे. फराह खान ने उन्हें छोटी-छोटी लाइनें दी थीं ताकि वो भूले न. भूमि पेडनेकर और अक्षय कुमार के साथ सुधीर पांडे ने ‘टॉयलेट एक प्रेम कथा’ में काम किया था. वो कहते हैं कि ‘टॉयलेट एक प्रेम कथा’ की शूटिंग के दौरान अक्षय कुमार कुछ सीक्वेंसेस में डायलॉग्स देखकर बोलते थे. फिल्म की लंबी लाइनों को अक्षय कुमार पेपर से देखकर पढ़ते थे.
वो सिद्धार्थ को बताते हैं कि अक्षय कुमार के सामने लंबे सीक्वेंस के डायलॉग्स लेकर कोई खड़ा रहता था और फिर वो उसे पढ़ते थे. जब सुधीर पांडे से पूछा गया कि क्या बड़े स्टार्स जब ऐसे संवाद देखकर पढ़ते हैं तो क्या इससे कोई डिस्ट्रैक्शन होता है. इसके जवाब में वो कहते हैं कि नहीं ऐसा नहीं होता है. सुधीर पांडे ने साथ ही साफ किया कि वो कभी डायलॉग्स देखकर नहीं पढ़ते हैं.
फराह खान की जमकर की तारीफ
‘तीस मार खान’ की शूटिंग का किस्सा साझा करते हुए सुधीर पांडे ने कहा कि इस फिल्म को शूट करने में उन्हें बहुत मजा आया. फिल्म की निर्देशक फराह खान की तारीफों के पुल बांधते हुए वो कहते हैं कि वो शानदार डायरेक्टर हैं. उन्हें सेट पर बहुत क्लैरिटी रहती हैं कि वो क्या करना चाहती हैं और उन्हें कैसे सीन चाहिए. कैसा किरदार होना चाहिए सबकुछ बहुत प्लानिंग के साथ करती हैं.














